एजुकेशन बजट 2026: डिजिटल लर्निंग, क्रिएटिव स्किल्स और नए डिजाइन संस्थानों पर सरकार का बड़ा फोकस
- bySagar
- 01 Feb, 2026
केंद्रीय बजट 2026–27 में शिक्षा और कौशल विकास को भविष्य की अर्थव्यवस्था से जोड़ने की दिशा में कई अहम घोषणाएं की गई हैं। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने युवाओं को रोजगार के लिए तैयार करने, डिजिटल क्षमताएं बढ़ाने और क्रिएटिव सेक्टर को मजबूती देने पर विशेष जोर दिया है।
तेजी से बदलते तकनीकी दौर में सरकार का लक्ष्य शिक्षा प्रणाली को सिर्फ डिग्री तक सीमित न रखते हुए स्किल-आधारित बनाना है। इसी सोच के तहत स्कूलों में डिजिटल लैब, युवाओं के लिए विशेष ट्रेनिंग प्रोग्राम और डिजाइन व हेल्थ सेक्टर में नए संस्थानों की घोषणा की गई है।
रोजगार से जुड़ा स्किल डेवलपमेंट
बजट 2026 की प्रमुख घोषणा के तहत IIMs के सहयोग से 12 सप्ताह का विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू किया जाएगा। इस प्रोग्राम का उद्देश्य युवाओं को डिजिटल, तकनीकी और प्रोफेशनल स्किल्स से लैस करना है।
इस योजना के अंतर्गत देशभर के करीब 10,000 टूरिस्ट गाइड्स को आधुनिक ट्रेनिंग दी जाएगी। इससे पर्यटन क्षेत्र में सेवाओं की गुणवत्ता सुधरेगी और युवाओं के लिए नए रोजगार के अवसर भी पैदा होंगे।
स्कूलों में डिजिटल और क्रिएटिव ट्रेनिंग
सरकार ने 15,000 माध्यमिक स्कूलों में कंटेंट लैब स्थापित करने की घोषणा की है। इन लैब्स के जरिए छात्रों को डिजिटल कंटेंट, डिजाइन थिंकिंग, मल्टीमीडिया और तकनीकी कौशल की प्रैक्टिकल ट्रेनिंग दी जाएगी।
इस पहल का उद्देश्य छात्रों को शुरुआती स्तर से ही आधुनिक तकनीकों से परिचित कराना और उनकी रचनात्मक सोच को विकसित करना है। साथ ही, हर जिले में छात्राओं के लिए हॉस्टल बनाए जाएंगे, जिससे शिक्षा तक उनकी पहुंच आसान होगी।
क्रिएटिव और डिजाइन सेक्टर को बढ़ावा
बजट में मुंबई स्थित इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ क्रिएटिव टेक्नोलॉजीज को सहायता देने की घोषणा की गई है। यह कदम एनीमेशन, गेमिंग, डिजाइन, मीडिया और डिजिटल कंटेंट जैसे उभरते सेक्टर्स को मजबूती देगा।
इसके अलावा, पूर्वी भारत में एक नए डिजाइन संस्थान की स्थापना का प्रस्ताव रखा गया है। इस संस्थान का उद्देश्य युवाओं को डिजाइन, इनोवेशन और इंडस्ट्री-रेडी स्किल्स से जोड़ना है, जिससे क्षेत्रीय विकास के साथ रोजगार सृजन को भी बढ़ावा मिलेगा।
आयुर्वेद और हेल्थ एजुकेशन का विस्तार
हेल्थ सेक्टर को मजबूत करने के लिए बजट 2026 में 7 नए आयुर्वेद संस्थान खोलने की योजना है, जिनमें 3 ऑल इंडिया आयुर्वेद इंस्टीट्यूट होंगे। इससे पारंपरिक चिकित्सा पद्धतियों को बढ़ावा मिलेगा।
इसके साथ ही, योग और वेलनेस सेवाओं के लिए 1.5 लाख केयरगिवर्स को प्रशिक्षण दिया जाएगा। 10 नए एलाइड हेल्थ डिसिप्लिन शुरू किए जाएंगे और अगले पांच वर्षों में करीब 1 लाख हेल्थ प्रोफेशनल्स को ट्रेनिंग देने का लक्ष्य रखा गया है।
सेवा क्षेत्र में रोजगार बढ़ाने की पहल
बजट में सर्विस सेक्टर में रोजगार बढ़ाने के लिए एक नई समिति गठित करने का प्रस्ताव है। यह समिति सरकारी और निजी क्षेत्रों में नए जॉब अवसरों की पहचान करेगी और स्किल-बेस्ड रोजगार को बढ़ावा देगी।
डिजाइन, इनोवेशन, टेक्नोलॉजी और क्रिएटिव इंडस्ट्रीज में युवाओं को आधुनिक करियर विकल्प उपलब्ध कराने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
एजुकेशन बजट 2026 यह संकेत देता है कि सरकार शिक्षा को रोजगार और स्किल डेवलपमेंट से सीधे जोड़ना चाहती है। डिजिटल लर्निंग, क्रिएटिव ट्रेनिंग, हेल्थ एजुकेशन और डिजाइन इनोवेशन पर फोकस भारत के युवाओं को भविष्य के लिए तैयार करने में अहम भूमिका निभा सकता है।





